
लगातार दो मैचों में शून्य पर आउट होने के बाद विराट कोहली रायपुर में अलग ही मानसिक स्थिति के साथ उतरे। KKR के खिलाफ उनकी पारी सिर्फ रनों की कहानी नहीं थी, बल्कि उस खिलाड़ी की वापसी थी जो दबाव को खुद के पक्ष में मोड़ना जानता है।
पहले रन पर दिखी राहत और जिद
विराट ने लेग साइड में हल्के से फ्लिक कर पहला रन लिया। स्कोरबोर्ड पर सिर्फ एक रन जुड़ा, लेकिन उनके जश्न ने बता दिया कि यह रन सामान्य नहीं था।
कोहली ने मुट्ठी भींचकर जिस तरह प्रतिक्रिया दी, उससे साफ था कि लगातार दो डक का दबाव उनके भीतर जमा था। उस एक रन के साथ मानो उन्होंने अपनी बेचैनी को बाहर निकाल दिया।
लगातार दो डक के बाद मुश्किल दौर
रायपुर पहुंचने से पहले विराट LSG और मुंबई इंडियंस के खिलाफ शून्य पर आउट हुए थे। IPL 2026 में यह उनका सबसे खराब दौर माना जा रहा था।
ऐसे खिलाड़ी के लिए, जिसने ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और पाकिस्तान जैसी टीमों के खिलाफ बड़े मैच जिताए हैं, यह स्थिति आसान नहीं थी। लेकिन रायपुर में उन्होंने दिखाया कि बड़ा खिलाड़ी खराब फॉर्म से भागता नहीं, उसका जवाब मैदान पर देता है।
KKR के गेंदबाजों ने पुराना विराट देखा
पहला रन मिलते ही विराट की बल्लेबाजी में ठहराव और विश्वास लौटता दिखा। इसके बाद KKR के गेंदबाजों के सामने वही कोहली नजर आए, जो पिछले डेढ़ दशक से दुनिया की बड़ी गेंदबाजी इकाइयों पर दबाव बनाते आए हैं।
उनकी पारी ने यह साबित किया कि डर और दबाव हर खिलाड़ी के हिस्से आते हैं। फर्क इस बात से पड़ता है कि कौन उन्हें कमजोरी बनने देता है और कौन उन्हें ताकत में बदल देता है।