
कैपसे और नाइट ने मुश्किल स्थिति से दिलाई जीत
इंग्लैंड की महिला टीम ने तीसरे टी20 मुकाबले में भारत को 6 विकेट से हराकर तीन मैचों की सीरीज 2-1 से जीत ली। भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 5 विकेट पर 180 रन बनाए थे। जवाब में इंग्लैंड ने एलिस कैपसे और कप्तान हीथर नाइट की मजबूत पारियों की मदद से लक्ष्य 4 विकेट खोकर हासिल कर लिया।
181 रन का पीछा करते हुए इंग्लैंड की शुरुआत अच्छी नहीं रही थी। टीम ने 38 रन तक अपने 3 विकेट गंवा दिए थे, लेकिन इसके बाद कैपसे और नाइट ने भारतीय गेंदबाजों पर दबाव बना दिया। दोनों ने चौथे विकेट के लिए 76 गेंदों में 137 रन की साझेदारी की और मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया।
यह टी20 इंटरनेशनल में इंग्लैंड महिला टीम का दूसरा सबसे बड़ा सफल रन चेज भी रहा।
कैपसे ने तेज फिफ्टी लगाई, नाइट अंत तक टिकी रहीं
इंग्लैंड को शुरुआती झटका क्रांति गौड़ ने दिया। उन्होंने डैनी व्याट हॉज को क्लीन बोल्ड किया। इसके बाद सोफिया डंकली 16 रन बनाकर आउट हुईं और एमी जोन्स भी ज्यादा देर क्रीज पर नहीं टिक सकीं।
38 रन पर 3 विकेट गिरने के बाद एलिस कैपसे और हीथर नाइट ने पारी को संभाला। कैपसे ने सिर्फ 27 गेंदों में अपनी फिफ्टी पूरी की और 43 गेंदों पर 82 रन बनाए। दूसरी ओर नाइट ने कप्तानी पारी खेलते हुए 42 गेंदों में नाबाद 70 रन बनाए।
इन दोनों बल्लेबाजों की साझेदारी ने भारत की पकड़ कमजोर कर दी और इंग्लैंड ने अहम मुकाबला अपने पक्ष में कर लिया।
हरमनप्रीत ने इंग्लैंड के खिलाफ पहली टी20 फिफ्टी लगाई
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम को अच्छी शुरुआत नहीं मिली। ओपनर शेफाली वर्मा और स्मृति मंधाना जल्दी पवेलियन लौट गईं। हालांकि पावरप्ले तक भारत ने 2 विकेट पर 57 रन बना लिए थे।
यास्तिका भाटिया ने 32 रन और जेमिमा रोड्रिग्स ने 29 रन बनाकर पारी को संभालने की कोशिश की। 7वें ओवर में 60 रन पर भारत का तीसरा विकेट गिरा, जिसके बाद कप्तान हरमनप्रीत कौर क्रीज पर आईं।
हरमनप्रीत ने जेमिमा के साथ 40 रन और दीप्ति शर्मा के साथ 67 रन की साझेदारी की। उन्होंने 38 गेंदों में फिफ्टी पूरी की। यह उनके टी20 करियर की 17वीं फिफ्टी रही, जबकि इंग्लैंड के खिलाफ यह उनकी पहली टी20 फिफ्टी थी।
दीप्ति ने 32 रन बनाए और भारत को 180 रन तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई। यह मैच 12 जून से बर्मिंघम में शुरू होने वाले महिला टी20 वर्ल्ड कप से पहले दोनों टीमों का आखिरी इंटरनेशनल मुकाबला था।