
ऑस्ट्रेलिया ने बांग्लादेश के खिलाफ दूसरे टेस्ट के लिए अपनी प्लेइंग-11 में एक बदलाव किया है। जैक वेदराल्ड की जगह मैथ्यू रेनशॉ को टीम में मौका दिया गया है। करीब तीन साल बाद टेस्ट क्रिकेट में लौट रहे रेनशॉ ट्रैविस हेड के साथ पारी की शुरुआत करेंगे। सीरीज का दूसरा मुकाबला 22 अगस्त से मैके में खेला जाएगा।
दो मैचों की सीरीज में ऑस्ट्रेलिया फिलहाल 0-1 से पीछे है। डार्विन में खेले गए पहले टेस्ट में बांग्लादेश ने मेजबान टीम को 9 विकेट से हराकर बढ़त हासिल की थी। अब पैट कमिंस की टीम के सामने दूसरा मुकाबला जीतकर सीरीज 1-1 से बराबर करने की चुनौती है।
भारत के खिलाफ खेला था रेनशॉ ने पिछला टेस्ट
मैथ्यू रेनशॉ फरवरी 2023 के बाद पहली बार ऑस्ट्रेलिया की टेस्ट टीम में खेलेंगे। बांग्लादेश के खिलाफ यह उनके करियर का 15वां टेस्ट मुकाबला होगा।
रेनशॉ ने अपना पिछला टेस्ट भारत दौरे के दौरान खेला था। उस मुकाबले में उन्हें ओपनिंग की बजाय मिडिल ऑर्डर में बल्लेबाजी का मौका मिला था।
इस बार टीम प्रबंधन ने उन्हें फिर से शीर्ष क्रम में उतारने का फैसला किया है। रेनशॉ पहले भी टेस्ट क्रिकेट में ओपनर की भूमिका निभा चुके हैं। उन्होंने 2016-17 में पाकिस्तान के खिलाफ इसी स्थान पर बल्लेबाजी करते हुए शतक लगाया था।
टेस्ट क्रिकेट में उनका औसत 29.31 है, जबकि उनका सर्वश्रेष्ठ व्यक्तिगत स्कोर 184 रन है।
घरेलू क्रिकेट में हालिया प्रदर्शन ने भी उनकी वापसी का रास्ता तैयार किया। पिछले शेफील्ड शील्ड सीजन में रेनशॉ ने 49.90 की औसत से रन बनाए और तीन शतक लगाए थे।
वेदराल्ड को खराब प्रदर्शन के बाद टीम से बाहर किया गया
रेनशॉ की वापसी के लिए जैक वेदराल्ड को प्लेइंग-11 से बाहर किया गया है। बांग्लादेश के खिलाफ डार्विन टेस्ट में उनका प्रदर्शन निराशाजनक रहा था।
वेदराल्ड ने पहली पारी में 23 रन बनाए, जबकि दूसरी पारी में वह खाता भी नहीं खोल सके। दोनों मौकों पर बांग्लादेश के तेज गेंदबाज हसन महमूद ने उन्हें आउट किया।
ऑस्ट्रेलियाई कप्तान पैट कमिंस ने कहा कि वेदराल्ड टीम के माहौल में अच्छी तरह शामिल रहे हैं, लेकिन छह टेस्ट खेलने के बाद भी वह उतने रन नहीं बना सके जितनी उनसे उम्मीद की जा रही थी।
कमिंस के अनुसार अब वेदराल्ड को घरेलू क्रिकेट में लौटना होगा। शेफील्ड शील्ड में अच्छा प्रदर्शन करके वह फिर से राष्ट्रीय टीम में जगह बनाने की कोशिश कर सकते हैं।
चार तेज गेंदबाजों पर विचार के बावजूद लायन टीम में कायम
दूसरे टेस्ट से पहले ऑस्ट्रेलियाई टीम के संयोजन को लेकर भी चर्चा चल रही थी। मैके की परिस्थितियों को देखते हुए चार तेज गेंदबाजों के साथ उतरने के विकल्प पर विचार किया गया था।
ऐसी स्थिति में अनुभवी स्पिनर नाथन लायन को बाहर बैठाकर स्कॉट बोलैंड को प्लेइंग-11 में शामिल किया जा सकता था। हालांकि टीम प्रबंधन ने आखिरकार लायन पर भरोसा बनाए रखने का फैसला किया है।
लायन ने दिसंबर में एशेज के दौरान लगी हैमस्ट्रिंग चोट के बाद डार्विन टेस्ट से वापसी की थी। बांग्लादेश की पहली पारी में उन्होंने 102 रन देकर एक विकेट हासिल किया था।
ऑस्ट्रेलिया ने दूसरे टेस्ट के लिए अपने प्रमुख तीन तेज गेंदबाजों मिचेल स्टार्क, जोश हेजलवुड और कप्तान पैट कमिंस को भी बरकरार रखा है।
मैके में पहली बार होगा टेस्ट मैच
ग्रेट बैरियर रीफ एरिना पहली बार किसी टेस्ट मुकाबले की मेजबानी करने जा रहा है। ऐसे में पिच के व्यवहार को लेकर दोनों टीमों में उत्सुकता बनी हुई है।
क्यूरेटर पीटर कजाकोफ के अनुसार विकेट से शुरुआती चरण में तेज गेंदबाजों को पेस और बाउंस मिलने की संभावना है। नई गेंद के साथ गेंदबाज बल्लेबाजों के लिए परेशानी पैदा कर सकते हैं।
हालांकि मैच आगे बढ़ने के साथ परिस्थितियां बदल सकती हैं। पिच के धीरे-धीरे बल्लेबाजी के लिए बेहतर होने की उम्मीद है और बाद में स्पिन गेंदबाजों को भी मदद मिल सकती है।
इस वजह से ऑस्ट्रेलिया ने नाथन लायन को टीम में बनाए रखते हुए संतुलित गेंदबाजी आक्रमण के साथ उतरने का फैसला किया है।
वॉर्नर के संन्यास के बाद ओपनिंग में बदलाव जारी
ऑस्ट्रेलिया लंबे समय से अपने स्थायी ओपनिंग कॉम्बिनेशन की तलाश कर रहा है। डेविड वॉर्नर ने जनवरी 2024 में टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लिया था और उसके बाद टीम ने शीर्ष क्रम में कई प्रयोग किए हैं।
उस्मान ख्वाजा के अलावा सात अलग-अलग खिलाड़ी ऑस्ट्रेलिया के लिए ओपनिंग कर चुके हैं। अब मैथ्यू रेनशॉ को एक और अवसर दिया गया है।
रेनशॉ का चयन घरेलू क्रिकेट में उनके प्रदर्शन और ओपनिंग के पुराने अनुभव को देखते हुए किया गया है। टीम को उम्मीद है कि वह ट्रैविस हेड के साथ मिलकर शुरुआती विकेट के लिए स्थिर साझेदारी बना सकेंगे।
लाबुशेन को टीम प्रबंधन ने दिया एक और अवसर
मार्नस लाबुशेन भी दूसरे टेस्ट की प्लेइंग-11 में बने हुए हैं। हालिया मुकाबलों में उनके प्रदर्शन को लेकर सवाल उठे हैं, लेकिन चयनकर्ताओं और टीम प्रबंधन ने फिलहाल उन पर भरोसा बनाए रखा है।
लाबुशेन तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करेंगे। उनके बाद स्टीव स्मिथ और कैमरन ग्रीन ऑस्ट्रेलिया के मध्यक्रम की जिम्मेदारी संभालेंगे।
एलेक्स कैरी विकेटकीपर के रूप में टीम में बने हुए हैं, जबकि ब्यू वेबस्टर ऑलराउंड विकल्प उपलब्ध कराएंगे।
कमिंस को रेनशॉ से टॉप ऑर्डर मजबूत करने की उम्मीद
कप्तान पैट कमिंस ने रेनशॉ की वापसी पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी है। उनका मानना है कि बाएं हाथ का बल्लेबाज पिछले कुछ समय से अच्छी लय में है।
रेनशॉ ने शेफील्ड शील्ड के पिछले सीजन में लगातार रन बनाए थे। इसके अलावा उन्होंने व्हाइट बॉल क्रिकेट में भी अपनी उपयोगिता दिखाई है।
कमिंस का मानना है कि रेनशॉ को अब हर दिन मैदान पर अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने पर ध्यान देना होगा। टीम को उनसे बड़ी पारी की उम्मीद है, खासकर उस समय जब ऑस्ट्रेलिया को अपने शीर्ष क्रम में स्थिरता की तलाश है।
बांग्लादेश के खिलाफ दूसरे टेस्ट में रेनशॉ का प्रदर्शन इसलिए भी अहम होगा क्योंकि मेजबान टीम सीरीज बचाने के लिए जीत से कम कुछ नहीं चाहेगी।
दूसरे टेस्ट में ऐसी होगी ऑस्ट्रेलिया की प्लेइंग-11
मैथ्यू रेनशॉ और ट्रैविस हेड ओपनिंग की जिम्मेदारी संभालेंगे। उनके बाद मार्नस लाबुशेन, स्टीव स्मिथ और कैमरन ग्रीन बल्लेबाजी क्रम में उतरेंगे।
एलेक्स कैरी विकेटकीपर होंगे, जबकि ब्यू वेबस्टर ऑलराउंडर की भूमिका में नजर आएंगे।
गेंदबाजी विभाग में कप्तान पैट कमिंस के साथ मिचेल स्टार्क और जोश हेजलवुड तेज गेंदबाजी संभालेंगे। नाथन लायन टीम के प्रमुख स्पिनर होंगे।
ऑस्ट्रेलिया की प्लेइंग-11: मैथ्यू रेनशॉ, ट्रैविस हेड, मार्नस लाबुशेन, स्टीव स्मिथ, कैमरन ग्रीन, एलेक्स कैरी, ब्यू वेबस्टर, पैट कमिंस, मिचेल स्टार्क, नाथन लायन और जोश हेजलवुड।
ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के बीच होगा आठवां टेस्ट
दोनों टीमों के बीच अब तक कुल सात टेस्ट मुकाबले खेले गए हैं। इनमें ऑस्ट्रेलिया ने पांच बार जीत दर्ज की है, जबकि बांग्लादेश दो मुकाबले अपने नाम करने में सफल रहा है।
बांग्लादेश ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अपनी पहली टेस्ट जीत 2017 में ढाका में हासिल की थी।
दूसरी सफलता हाल ही में 2026 के डार्विन टेस्ट में मिली, जहां बांग्लादेश ने ऑस्ट्रेलिया को 9 विकेट से हराकर मौजूदा सीरीज में 1-0 की बढ़त बनाई।
मैके में होने वाला मुकाबला दोनों देशों के बीच आठवां टेस्ट होगा। ऑस्ट्रेलिया जहां घरेलू मैदान पर वापसी करना चाहेगा, वहीं बांग्लादेश के पास सीरीज जीतने का मौका रहेगा।
बांग्लादेश का स्क्वॉड भी तैयार
बांग्लादेश की कप्तानी नजमुल हुसैन शांतो कर रहे हैं, जबकि मेहदी हसन मिराज उपकप्तान हैं।
टीम में सौम्या सरकार, शादमान इस्लाम, तंज़ीद हसन तमीम, मोमिनुल हक, मुशफिकुर रहीम और लिटन दास जैसे अनुभवी बल्लेबाज शामिल हैं।
इसके अलावा अमित हसन, जैकर अली अनिक, तैजुल इस्लाम, तस्कीन अहमद, हसन महमूद, सैयद खालिद अहमद, एबादत हुसैन चौधरी, मुस्फिक हसन और शोरीफुल इस्लाम भी स्क्वॉड का हिस्सा हैं।
पहला टेस्ट जीतने के बाद बांग्लादेश अब मैके में भी अपनी लय बरकरार रखने की कोशिश करेगा, जबकि ऑस्ट्रेलिया के लिए यह मुकाबला सीरीज बराबर करने का आखिरी अवसर होगा।