
आईपीएल 2026 से पहले रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के मालिकाना ढांचे में बड़ा बदलाव हुआ है और इसके साथ ही आर्यमन बिड़ला नई भूमिका में सामने आए हैं। कभी खुद आईपीएल नीलामी का हिस्सा रहे आर्यमन अब RCB के चेयरमैन बन चुके हैं।
16,706 करोड़ रुपये की बड़ी डील के बाद यह बदलाव सिर्फ कारोबारी खबर नहीं रहा, बल्कि इसने आर्यमन बिड़ला की निजी यात्रा को भी चर्चा के केंद्र में ला दिया है।
कौन हैं आर्यमन बिड़ला
आर्यमन विक्रम बिड़ला, आदित्य बिड़ला ग्रुप के चेयरमैन कुमार मंगलम बिड़ला के बेटे हैं। वह 28 साल के हैं और एक समय घरेलू क्रिकेट में मध्य प्रदेश के लिए खेल चुके हैं।
बाएं हाथ के बल्लेबाज के रूप में उन्होंने फर्स्ट क्लास क्रिकेट में 9 मैच खेले और 414 रन बनाए। इस दौरान उन्होंने बंगाल के खिलाफ ईडन गार्डन्स में शतक भी लगाया। लिस्ट ए क्रिकेट में भी उन्होंने कुछ मुकाबले खेले, हालांकि वहां उनका रिकॉर्ड ज्यादा बड़ा नहीं रहा।
आईपीएल से जुड़ाव पुराना है, लेकिन सफर अलग मोड़ पर गया
आर्यमन बिड़ला का नाम पहली बार बड़े स्तर पर तब चर्चा में आया था, जब राजस्थान रॉयल्स ने उन्हें आईपीएल 2018 मेगा ऑक्शन में 30 लाख रुपये में खरीदा था। हालांकि उन्हें टीम के लिए एक भी मैच खेलने का मौका नहीं मिला।
बाद में फ्रेंचाइजी ने उन्हें रिलीज कर दिया। इसके बाद उन्होंने गंभीर एंग्जायटी के कारण क्रिकेट से दूरी बनाने का फैसला किया। वह फिर मैदान पर वापसी नहीं कर सके, लेकिन अब खेल की दुनिया में एक बिल्कुल अलग भूमिका में लौटे हैं।
RCB की नई डील ने उन्हें शीर्ष भूमिका तक पहुंचाया
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु को आदित्य बिड़ला ग्रुप, टाइम्स ऑफ इंडिया ग्रुप, ब्लैक स्टोन की परपेचुअल प्राइवेट इक्विटी स्ट्रैटेजी और बोल्ट वेंचर्स ने मिलकर खरीदा है। यह सौदा यूनाइटेड स्पिरिट्स लिमिटेड से 16,706 करोड़ रुपये में हुआ।
इस डील के बाद आर्यमन बिड़ला को RCB का नया चेयरमैन बनाया गया है। इससे साफ है कि टीम के आगे के विकास और संचालन में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रहने वाली है।
क्रिकेट से बोर्डरूम तक की कहानी अब नए चरण में
आर्यमन पहले एक खिलाड़ी के रूप में पहचान बनाने की कोशिश कर रहे थे। अब वह खेल प्रबंधन और कॉर्पोरेट नेतृत्व के स्तर पर सामने आए हैं। फिलहाल वह आदित्य बिड़ला मैनेजमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड में डायरेक्टर की भूमिका भी निभा रहे हैं।
नई जिम्मेदारी मिलने के बाद उन्होंने कहा कि RCB के अगले विकास चरण को आकार देने के लिए इस साझेदारी का हिस्सा बनना उनके लिए खास है। उनके अनुसार यह गठजोड़ खेल, मीडिया और उपभोक्ता व्यवसाय की समझ को एक साथ लाता है।
अब नजर सिर्फ मालिकाना बदलाव पर नहीं, नई दिशा पर भी होगी
RCB लंबे समय से आईपीएल की सबसे चर्चित टीमों में शामिल रही है। ऐसे में मालिकाना बदलाव और नए चेयरमैन की नियुक्ति स्वाभाविक रूप से अतिरिक्त ध्यान खींचेगी।
आर्यमन बिड़ला के लिए यह सिर्फ एक कारोबारी पद नहीं, बल्कि खेल से जुड़े एक पुराने रिश्ते का नया रूप भी है। अब देखना होगा कि उनकी मौजूदगी में RCB आगे किस दिशा में बढ़ती है।